ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स (GII) 2019 में भारत पांच पायदान ऊपर चढ़कर 52वें स्थान पर पहुंच गया है। इस सूचकांक में पिछले साल भारत का स्थान 57वां था। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने वैश्विक नवप्रवर्तन सूचकांक (GII) की रैंकिंग जारी की। जीआईआई रैंकिंग वार्षिक आधार पर कॉरनेल विश्वविद्यालय इनसीड, संयुक्त राष्ट्र विश्व बौद्धिक संपदा संगठन (WIPO) और जीआईआई नॉलेज पार्टनर्स द्वारा प्रकाशित की जाती है।
 
 
क्या है  
  1. जीआईआई ने इसके 12वें संस्करण में 80 संकेतकों के आधार पर 129 अर्थव्यवस्थाओं को रैंकिंग दी है। 
  2. इन संकेतकों में बौद्धिक संपदा के लिए आवेदन जमा कराने की दर से लेकर मोबाइल ऐप का सृजन, शिक्षा पर खर्च और वैज्ञानिक एवं तकनीकी प्रकाशन आते हैं। 
  3. इस सूचकांक में स्विट्जरलैंड पहले स्थान पर कायम है। सूचकांक में शामिल शीर्ष दस देश स्वीडन, अमेरिका, नीदरलैंड, ब्रिटेन, फिनलैंड, डेनमार्क, सिंगापुर, जर्मनी और इजरायल हैं।
  4. पहले से ही इस बात का अनुमान लगाया जा रहा था कि रैंकिंग में सुधार होगा। 2017 में भारत 60वें, 2016 में 66वें और 2015 में भारत 81वें स्थान पर था। भारत का लक्ष्य इसमें पहली 25 अर्थव्यवस्थाओं में आने का है।
  5. भारत की अर्थव्यवस्था की बात करें तो इस साल ब्रिटेन को पछाड़ते हुए दुनिया की पांचवीं बड़ी अर्थव्यवस्था बनने वाला है। इसके अलावा एशिया प्रशांत क्षेत्र में चीन के बाद दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएगा।
  6. केन्द्रीय वाणिज्य एवं उद्योग और रेल मंत्री श्री पीयूष गोयल ने आज नई दिल्ली में ‘वैश्विक नवाचार सूचकांक (जीआईआई) 2019’ को लांच किया। भारत इस सूचकांक में पिछले वर्ष के 57वें पायदान से पांच स्थान ऊपर चढ़कर वर्ष 2019 में 52वें पायदान पर पहुंच गया है।
  7. यह 129 अर्थव्यवस्थाओं की जीआईआई रैंकिंग का 12वां संस्करण है, जो 80 संकेतकों पर आधारित है। बौद्धिक संपदा संबंधी आवेदन दाखिल करने की दरों से लेकर मोबाइल-एप्लीकेशन बनाना, शिक्षा पर व्यय और वैज्ञानिक एवं प्रौद्योगिकी प्रकाशन तक इन संकेतकों में शामिल हैं।