देश में अंतर्देशीय जलमार्गो पर 29 अक्टूबर 2018 से शुरू हो रही आजाद भारत की पहली कंटेनर ढुलाई पेप्सिको की खेप के साथ होगीइनलैंड वाटरवेज अथॉरिटी ऑफ इंडिया (आइडब्ल्यूएआइ) के अधिकारियों ने कहा कि पेप्सिको कोलकाता से वारणसी तक एनडब्ल्यू-1 जहाज पर 16 कंटेनर भेजेगी। इनमें 16 ट्रक लोड के बराबर फूड और स्नैक्स होंगे। इसे लेकर एमवी आरएन टैगोर जहाज करीब 9-10 दिनों में वाराणसी पहुंचेगी। मौके पर जहाजरानी मंत्रालय और आइडब्ल्यूएआइ के वरिष्ठ अधिकारियों के मौजूद रहने की उम्मीद है। जहाज इफको के उर्वरक के साथ वापस लौटेगी, जिसकी खरीदारी प्रयागराज के निकट उसके फूलपुर संयंत्र से होगी।
 
क्या है 
  1. सरकार जल मार्ग विकास परियोजना (जेएमवीपी) के तहत हल्दिया से वाराणसी तक राष्ट्रीय जलमार्ग-1 (गंगा नदी) का विकास कर रही है। यह मार्ग 1390 किलोमीटर का होगा। इस पर 5,369 करोड़ रुपये खर्च आने का अनुमान है। विश्व बैंक इस परियोजना के लिए तकनीकी तथा वित्तीय सहयोग कर रहा है।
  2. मुंबई पेप्सिको डिजिटाइजेशन को विकास के लिए एक बड़ा अवसर मान रही है और वह तकनीक का उपयोग बैकवार्ड व फॉरवार्ड दोनों तरह के कारोबारी एकीकरण के लिए करना चाहती है। लेज, कुरकुरे और पेप्सी बनाने वाली कंपनी ऐसी कंपनियों के साथ बैठकें कर रही है, जो एक करोड़ रिटेलरों और 60 करोड़ उपभोक्ताओं को आपूर्तिकर्ताओं के साथ जोड़ने के लिए काम कर रही हैं।
  3. पेप्सिको इंडिया के प्रेसिडेंट और सीईओ अहमद अल शेख ने कहा कि कंपनी के अंदर संपूर्ण आपूर्ति श्रृंखला को एंड-टु-एंड डिजिटल करने की एक परियोजना अभी-अभी पूरी हुई है। उन्होंने कहा कि हम किसानों के साथ अपने संपर्क को डिजिटाइज करने की एक अन्य परियोजना पर भी काम कर रहे हैं।

 

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